कोसीर हृदय स्थल में बोल बम समिति के द्वारा श्रावण में राहगीरों को समिति ने बांटा प्रसाद शिवालयों में हुई पूजा - अर्चना ....
सारंगढ़ से लक्ष्मी नारायण लहरे की खबर
कोसीर। पवित्र श्रावण मास में शिव भक्ति का रंग पूरे क्षेत्र में दिखाई दे रहा है। कोसीर के हृदय स्थल में बोल बम समिति के सदस्यों ने श्रद्धा और सेवा का अनूठा उदाहरण पेश किया। समिति के युवाओं ने यहां से गुजरने वाले राहगीरों, स्कूली बच्चों और श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित कर "हर हर महादेव" और "बोल बम" के जयकारों से माहौल भक्तिमय कर दिया।
धर्म और आस्था का संगम
श्रावण मास को भगवान शिव का सबसे प्रिय महीना माना जाता है। मान्यता है कि इस महीने में शिव जी धरती पर विचरण करते हैं और सच्चे मन से जल चढ़ाने वाले भक्तों की मनोकामना पूरी करते हैं।
इसी आस्था के चलते बोल बम समिति हर साल सेवा में जुटती है। समिति के पदाधिकारियों का कहना है - _"सेवा ही सबसे बड़ा पूजा है। प्यासे को पानी, भूखे को भोजन और थके हुए कावड़ियों को सहारा देना ही भोलेनाथ की सच्ची आराधना है।"_
शिवालयों में उमड़ा जनसैलाब, हुआ जल अभिषेक हुआ
श्रावण सोमवार और पूरे महीने कोसीर क्षेत्र के शिवालयों में सुबह से ही भक्तों की लंबी कतारें लगी हुई हैं। भक्तगण गंगाजल, दूध, बेलपत्र और धतूरा लेकर पहुंच रहे हैं और जल अभिषेक कर पूजा अर्चना किए ।
पुरोहितों के अनुसार श्रावण में शिवलिंग पर जल चढ़ाने से सुख, शांति और मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है। कई महिलाएं 16 सोमवार का व्रत रखकर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना कर रही हैं। मंदिरों में "ॐ नमः शिवाय" के जाप और भजन कीर्तन से पूरा वातावरण शिवमय हो गया है।
सेवा में जुटी बोल बम समिति
हृदय स्थल पर समिति द्वारा प्रसाद वितरित किए गए।
पिछले कई वर्षों से यह आयोजन समिति के द्वारा किया जा रहा है ।
समिति के सदस्यों ने कहा कि श्रावण हमें सिखाता है - त्याग, तपस्या और परोपकार। जब तक अंतिम कावड़िया घर नहीं पहुंच जाता, तब तक हमारी सेवा जारी रहेगी। समिति के सदस्य उपस्थित रहे जिसमें प्रकाश राव ,खगेश श्रीवास, भरत श्रीवास, विद्या लहरे ,तुला राम रोहिदास ,सत्यनारायण जयसवाल , शिव निषाद "बिल्लू"
उर्जित यादव , लक्ष्मी जयसवाल और उनके सहपाठी उपस्थित रहे

